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दरभंगा-ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के सहायक प्राचार्य अखिलेश प्रसाद पर छात्र छात्राओं ने लगाए गंभीर आरोप छात्राओं ने कहा सर की नीयत है खराब है , रात में काल कर अपने घर बुलाते है

ByFocus News Ab Tak

Aug 2, 2022

दिनेश सिंह के साथ ब्यूरो रिपोर्ट

दरभंगा-ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के सहायक प्राचार्य अखिलेश प्रसाद पर छात्र छात्राओं ने लगाए गंभीर आरोप , छात्राओं ने कहा सर की नीयत है खराब , रात में काल कर अपने घर बुलाते है सर, करते है गंदी बात तो छात्रों ने कहा सर के काले कारनामो में साथ नहीं देने पर माँ बहन की देते है गाली, छात्र छात्राओं ने की विश्वविद्यालय प्रशासन से लिखित शिकायत, हिंदी विभाग के HOD ने भी प्राचार्य के रवैये पर उठाये सवाल, कुलसचिव ने मीडिया से कहा छात्र छात्राओं ने ऑडियो विडियो सबूत के साथ की है शिकायत, जांच के बाद होगी कारवाही –

पीड़ित छात्रा

दरभंगा के ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के सहायक प्राचार्य अखिलेश प्रसाद पर छात्र छात्राओं ने लगाई गंभीर आरोप । लगाए गए आरोपी के साथ इसके सबूत भी विश्वविद्यालय को दिए है | विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में पढ़नेवाली कई छात्राओं ने साफ़ सब्दो में अपने की विभाग के सहायक प्राचार्य अखिलेश प्रसाद की नियत पर सवाल खड़े करते हुए आरोप लगाया की सर न सिर्फ देर रात छात्राओं को फोन कर उलटी सीधी और गंदी बातें करते है बल्कि रात में वे अपने घर भी आने की जिद्द करते है । इतना ही नही प्रो साहब द्वारा बात नहीं मानने पर परीक्षा में फेल कर देने के अलाबे कई तरह की धमकीयां भी देने में बाज नही आते | वही हिंदी विभाग में पढ़नेवाले छात्रों ने कहा की सर के काले कारनामो में साथ नहीं देने पर वे फोन पर अश्लील गालीयां भी देते है | साथ ही अपनी ऊँची पहुंच का हवाला देकर छात्रों के ऊपर न सिर्फ धौस जमाते है बल्कि बड़े बड़े राजनितिक लोगो के साथ अपनी तस्वीर दिखा कर अपने प्रभाव में भी लाने का प्रयास करते है | लगातार मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना और शोषण के खिलाफ आखिरकार छात्र छात्राओं का गुस्सा फुंटा जिसके बाद छात्र छात्राओं ने विश्वविद्यालय प्रशासन से सहायक प्राचार्य अखिलेश कुमार के खिलाफ न सिर्फ लिखित शिकायत की बल्कि कई तरह के ऑडियो वीडियो और व्हाट्सएप चैट के सबूत भी दिए |

हिंदी विभाग के HOD डाक्टर राजेंद्र साह ने भी प्राचार्य के रवैये पर सवाल उठाते हुए अखिलेश प्रसाद के खिलाफ अपनी रिपोर्ट भेज चुके है इसकी पुष्टि भी उन्होंने खुद की है , वही विश्वविद्यालय के कुलसचिव ने भी शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए कहा की छात्र छात्राओं ने ऑडियो विडियो सबूत के साथ अखिलेश प्रसाद के खिलाफ लिखित शिकायत की है तत्काल जांच के आदेश दे दिए गए है जांच रिपोर्ट के बाद उचित कारवाही की जायेगी इधर जैसे ही मामला सामने आया आरोपी अखिलेश प्रसाद की कई तस्वीर बड़े बड़े नेताओ के साथ वाइरल होने लगी बिहार के राजयपाल के अलावा उप मुख्यमंत्री से लेकर मंत्री तक के साथ की तस्वीर उनके ऊँचे पहुंच की कहानी खुद भी खुद बता रही है ऐसे ही कुछ तस्वीर छात्रों ने भी मीडिया को उपलब्ध कराई है |

नाम और पहचान छिपाने की शर्त पर हिंदी विभाग में पढ़नेवाली छात्रा ने बताया की वे अपने ही सहायक प्राचार्य अखिलेश प्रसाद से प्रताड़ित है छात्रा ने बताया की अखिलेश सर की नियत साफ़ नहीं है छात्राओं को न सिर्फ बुरी नजर से देखते है बल्कि रात में कॉल कर उलटी सीधी बात करते है उन्हें घर आने की जिद्द करते है ना में जबाब देने पर वे रिजल्ट में गड़बड़ कर देने की धमकी भी देते है कई बार तो अखिलेश प्रसाद ने अपने छात्रों को अपने खुले बदन वाले तस्वीर भी भेजी इसके अलावा व्हाट्सएप पर भी कई तरह के अमर्यादित और गंदे मैसेज भी किये लेकिन जब पानी सर से ऊपर हो गया तब इसकी शिकायत विश्विद्यालय प्रशासन से की है और जबतक उन्हें यहाँ से हटाया नहीं जाता या बर्खास्त नहीं किया जाता वे तबतक खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करेगी उन्हें डर है की कभी भी उनके साथ बड़ी वारदात हो सकती है |

पीड़ित छात्र

वही हिंदी विभाग में पढ़नेवाले छात्र दीपक ने बताया की प्रोफ़ेसर अखिलेश प्रसाद अपनी मनमानी करते है उनकी मनमानी में साथ नहीं देने पर उन्हें फोन कर माँ बहन की गाली देते है इसके अलावा किसी से शिकायत करने पर रिजल्ट में गड़बड़ करने की धमकी भी देते है | उनका चरित्र खराब है यहाँ पड़नेवाली लड़कियों पर उनकी गलत नियत रहती है इसके कई सबूत भी है |
इसके अलावा कई तरह के सबूतों को अपने साथ रखे छात्र विकास कुमार ने बताया की अखिलेश कुमार छात्र छात्रों को बहुत प्रताड़ित करते है एक छात्रों को उन्होंने इतना प्रताड़ित किया की एक छात्र आत्महत्या करने की स्थिति में आ गया वही लड़कियों के साथ अखिलेश सर रात में फोन कर उसे अपने घर बुलाते है इसका क्या मतलब निकाला याएगा खुद लोग समझ सकते है सारे सबूत के साथ हमलोगो ने विश्वविदयालय प्रशासन से लिखित शिकायत किया हु लेकिन अब तक कोइ कारवाही नहीं हुई है कल तक अगर कारवाही नहीं होती है तो विभाग को बंद कराकर हमलोग धरना प्रदर्शन करने को मजबूर हैं |

इसके अलावा हिंदी विभाग के विभागाध्यक्ष राजेंद्र साह ने बताया की यह कोइ पहला मौका नहीं जब अखिलेश प्रसाद पर आरोप लगे है इसके पहले भी उनके आचरण से छात्र छात्राये दहशत में है भयभीत है आतंकित है यह कोइ एक दिन की बात नहीं है पिछले कई महीनो से उनके व्यवहार को देखते अखिलेश प्रसाद को समझाने का प्रयास किया लेकिन उनके व्यवहार में कोइ बदलाव नहीं आया इसके बाद उन्होंने इसकी लिखित शिकायत कुलपति से भी है | इसके आलावा उन्होंने बताया की अखिलेश प्रसाद अपने ऊँचे पहुंच का रौब जरूर दिखाते है वे विभाग के अनुसार नहीं चलते बल्कि वे चाहते है उनके हिसाब से विभाग काम करे | अपने ऊँची पहुंच का भी ढिढोरा पिट छात्रों के ऊपर अपना प्रभाव बनाने का प्रयास करते है | उन्होंने शिक्षक को चरितवन होने की बात कहते हुए चरित्र हीं नहीं होने की बात कहि |

विश्वविद्यालय के कुलसचिव डाक्टर मुश्ताक अहमद ने भी इसे बेहद गंभीर बाते बताते हुए कहा की छात्र छात्राओं की लिखित शिकायत मिली है साथ ही सबूत के तौर पर कुछ ऑडियो और वीडियो भी दिए गए है पुरे मामले में जांच के आदेश दे दिए गए है एक दो दिन में जांच रिपोर्ट आने के बाद उचित कारवाही की जाएगी इसके अलावा उन्होंने भी अखिलेश प्रसाद द्वारा रात में छात्राओं के फोन करना और उसे घर पर बुलाने जैसे बातो पर हैरानी जताते हुए कहा की भला ऐसे कैसे कोइ टीचर अपने छात्रा के साथ कर सकता है टीचर को चरित्रवान होना चाहिए इसके आलावा उन्होंने सभी शिक्षकों को बुलाकर अखिलेश कुमार को काफी कुछ कहा गया उन्होंने साफ़ सब्दो में कहा की यह बहुत शर्मनाक बात है ऐसी तस्वीरें छात्रों को भेजना बहुत गलत है |

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कुछ रात के काल करने का कुछ ऑडियो वीडियो सामने आया है जो निजी है छात्राओं से टीचर के बातचीत का इसे जांच किया जा रहा है उन्होंने सवाल खड़े किये की क्लास ख़त्म होने के बाद आखिर देर रात क्यू मोबाइल पर बाते उन्होंने की ? उन्होंने अखिलेश प्रसाद को नसीहत देते हुए कहा की बड़े बड़े राजनितिक और उच्च पदों पर बैठे लोगो के नामो का धौस दिखाना गैर क़ानूनी है।

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पुरे मामले में अखिलेश प्रसाद का पक्ष लेने जब हम उनके दफ्तर पहुंचे तो वे वर्ग संचालित के समय भी अपने कुर्सी पर नहीं मिले उनका कुर्सी खाली पड़ा था जबकि टेबल पर नेम प्लेट दिखाई दे रहे थे अखिलेश प्रसाद कहा मिलेंगे इसकी जानकारी भी दफ्तर में उपस्थित लोगो के पास नहीं थी |

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